October 11, 2007

फीस के लिए हमबिस्‍तर होती हैं कैंब्रिज स्टूडेंट्स

कैंब्रिज यूनिवर्सिटी की सैकड़ों स्टूडेंट्स बतौर कॉल गर्ल और स्ट्रीपर के रूप में काम कर रही हैं। जानते हैं इसकी वजह क्या है ? यूनिवर्सिटी की फीस और महंगी होती कॉलेज लाइफ। इंस्टीट्यूट के स्टूडेंट न्यूजपेपर ' वर्सिटी ' में इस बारे एक रिपोर्ट छपी है। 'वर्सिटी' के मुताबिक कैंब्रिज में आजकल अंडरग्रैजुएट लाइफ महंगी हो गई है और खासतौर से उनके लिए जो लग्जरी के साथ जीवन जीना चाहते हैं। न्यूजपेपर में यह भी छपा है कि स्टूडेंट्स यूनिवर्सिटी की फीस देने के लिए देह बेचने को मजबूर हैं। गौरतलब है कि यूनिवर्सिटी की सालना फीस 3.070 पाउंड है।

'वर्सिटी' ने एक स्टूडेंट के हवाले से दावा किया है कि उन्होंने फर्स्ट ईयर वर्किंग का आधा समय कॉल गर्ल के रूप में बिताया। इसके लिए उन्हें हर घंटे 50 पाउंड मिले। वह कहती हैं, 'इस दौरान मैंने जॉब भी किया लेकिन इससे मुझे ज्यादा आमदनी नहीं हो पाई। मैं दूसरी कई स्टूडेंट्स भी मिल चुकी हूं, जो यह काम करती हैं। एक बार जब आप इसे करते हैं, यह लुभाने लगता है। अगर आप बहुत जल्दी और आसानी से पैसा कमाना चाहते हैं, तो आपको यहां से दोनों चीजें मिलेंगी।' वह आगे कहती हैं, मैं एक रात में 1-7 क्लाइंट्स के साथ सोती हूं।

एक दूसरी स्टूडेंट कहती हैं, 'जब मैं स्ट्रीपर के तौर पर काम करती हूं तो मुझे हर डांस के लिए 100 पाउंड तक की रकम मिलती है।' एक दूसरी अंडरग्रैजुएट स्टूडेंट ने दावा किया कि उन्होंने फर्स्ट ईयर के दौरान 40-50 लोगों से सेक्स संबंध बनाए। उन्होंने कहा, 'इस दौरान मुझे हर हफ्ते 1 हजार पाउंड तक की रकम मिली। मैं 2 महीने के दौरान 40-50 मौकों पर क्लाइंट्स के साथ हमबिस्तर हुई।' कैंब्रिज में इस काम के लिए कई एजेंसियां है। एक घंटे के लिए क्लाइंट से 120 पाउंड चार्ज किया जाता था, जिसमें 50 पाउंड एजेंसी के खाते में चला जाता था और 50 पाउंड मुझे मिलते थे। 20 पाउंड ड्राइवर ले लेता था।

वह कहती हैं कि मैं एक रात में 1-7 क्लाइंट के साथ हमबिस्तर हुई। क्लाइंट का एज ग्रुप भी अलग-अलग था। सबसे कम उम्र का क्लाइंट 18 साल का था जबकि सबसे अधिक दिन का 80 साल का। वह आगे कहती हैं कि मुझे ट्रिनिटी से भी बुलावा आया था, लेकिन मैं वहां नहीं गई। लड़कियों का मानना है कि यह कॉलेज में भी मुमकिन है, लेकिन व्यवस्था अच्छी होनी चाहिए।

एक और अंडरग्रैजुएट स्टूडेंट्स जो स्ट्रीप डांस करने के लिए दूसरे शहरों में जाती हैं, कहती हैं- यह ऐसा पल होता है, जिसे मैं करना नहीं चाहती, लेकिन इससे कैरेक्टर बिल्डप होता है। मुझे अपने किसी जान पहचान वाले के सामने डांस करने मे काफी झिझक होती है। लेकिन सब लोग ऐसा कर रहे हैं। जो भी हो टीचर्स के लिए यह चिंता का विषय है। वे स्टूडेंट्स की हर संभव सहायता की कोशिश कर रहे हैं ताकि स्टूडेंट्स को ऐसा न करना पड़े। नवभारत टाइम्‍स से साभार

11 comments:

Srijan Shilpi said...

फीस के लिए तो नहीं, पर अपनी बहुत-सी बेलगाम ख्वाहिशों को पूरा करने और थोड़ी-बहुत आर्थिक मजबूरियों के कारण भारत के कॉलेजों और विश्वविद्यालयों की कई छात्राएं भी यह सब करने लगी हैं।

यहां तक कि छोटे-छोटे शहरों, कस्बों में भी अब यह सब होने लगा है।

दुखद है। कम से कम मजबूरी के कारण किसी को ऐसा न करना पड़े, ऐसी व्यवस्था तो हर शिक्षा संस्थान को करनी ही चाहिए।

पढ़ने के लिए किसी लड़की को अपना देह बेचने की जरूरत तो नहीं होनी चाहिए।

अनूप शुक्ल said...

अफ़सोस है।

Udan Tashtari said...

अगरफीस भरने के लिये मजबूरीवश यह करना पड़ रहा है तो बहुत ही अफसोसजनक बात है और लानत है ऐसी व्यवस्था पर.

हिन्दी टुडे said...

भारत में भी तमाम लड़कियाँ उक्त पेशे को करने को मजबूर हैं। क्या सरकारें शिक्षा को फ़्री नहीं कर सकती।

Raag said...

समाचार स्रोत की कड़ी भी दे कृपया। ये समाचार बीबीसी में बिलकुल एसे का एसा छपा है।

Mired Mirage said...

यह समाचार मैंने भी पढ़ा था और जो खयाल सबसे पहले मन में आया था वह यह था कि क्या पुरुष छात्रों की फीस माफ है या वे बहुत अमीर घरानों से आते हैं या वे भी गिगेलो का काम करते हैं ?
घुघूती बासूती

dk said...

Really its too bad not only for girls but for society also. System is shameless, Govt. should take extra action and help the girl who really want to study and dont have money - D.K.Nagaich

Anonymous said...

shiksha vyavastha ko ladkiyon ke liye purna roop se free karni chahiye

Azaz said...

ye bahut dukhad bat hai ki fee bharne ke liye ladkiyo ko ye sab karna padta hai. lekin is bat me kitni hakikat hai ki kya ladkiya college ki fee bhaarne ke liye ye sab karti hai ya ye unka sauk hai ya high profile life jine ke liye ye sab karti hai. hamare khyal se college ki fee sirf ek bahana hai kyoki ladko ko bhi to fee bharni padti hogi lekin ladke to aisa nahi karte hai

akashkumarmehra said...

ye kush log majburi main karte hai kush shonk se karte hai duniya jo dikhti hai vo hoti nahi jyada log ye sab aasan jivan jine ke liye karte hai par kush log jo majburi mai karte hai main un ke liye bhagwan se pre karta hu ki wo utna honesty kma sake jinse unka gujara aasani se hojaye

akash kumar said...

ye kush log majburi main karte hai kush shonk se karte hai duniya jo dikhti hai vo hoti nahi jyada log ye sab aasan jivan jine ke liye karte hai par kush log jo majburi mai karte hai main un ke liye bhagwan se pre karta hu ki wo utna honesty kma sake jinse unka gujara aasani se hojaye